मनेंद्रगढ़। Coal India Limited एवं उसकी सहायक कंपनियों में कर्मचारियों की यूनिफॉर्म खरीद प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर प्रबंधन ने कड़ा रुख अपनाया है। इस संबंध में 09 मई 2026 को एक कार्यालय परिपत्र जारी कर कर्मचारियों एवं व्यापारियों/विक्रेताओं को चेतावनी दी गई है कि यूनिफॉर्म खरीद योजना में किसी भी प्रकार की फर्जीवाड़ा, फर्जी GST बिल या नियमों के उल्लंघन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जारी सर्कुलर के अनुसार प्रबंधन को विभिन्न स्रोतों से शिकायतें प्राप्त हुई थीं कि कुछ कर्मचारी निर्धारित संख्या में यूनिफॉर्म नहीं खरीद रहे हैं, जबकि पूरी राशि के समायोजन के लिए फर्जी या बढ़े हुए बिल प्रस्तुत कर रहे हैं। वहीं कुछ मामलों में बिना यूनिफॉर्म खरीदे ही फर्जी GST इनवॉइस जमा करने की शिकायत भी सामने आई है। इसके अलावा कुछ व्यापारियों एवं विक्रेताओं पर बिना सामान की आपूर्ति किए केवल बिल जारी करने के आरोप लगे हैं।
परिपत्र में बताया गया है कि यूनिफॉर्म ड्रेस कोड योजना के तहत कर्मचारियों को प्रतिवर्ष निर्धारित यूनिफॉर्म खरीदने के लिए अग्रिम राशि दी जाती है तथा इसके एवज में वास्तविक GST बिल जमा करना अनिवार्य है। प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि फर्जी, उधार, पुनः उपयोग किए गए अथवा मनगढ़ंत बिल प्रस्तुत करना गंभीर कदाचार माना जाएगा।
कंपनी ने कर्मचारियों को निर्देश दिए हैं कि वे निर्धारित मात्रा एवं गुणवत्ता के अनुसार ही यूनिफॉर्म खरीदें। यदि कोई कर्मचारी अनियमितता में शामिल पाया जाता है तो उससे पूरी राशि की वसूली, विभागीय कार्रवाई, भविष्य के लाभों से वंचित करना तथा आवश्यक होने पर सिविल एवं आपराधिक कार्रवाई भी की जा सकती है।
वहीं व्यापारियों एवं विक्रेताओं को भी चेतावनी दी गई है कि बिना वास्तविक बिक्री के GST बिल जारी करना कानूनन अपराध है। ऐसे मामलों में संबंधित व्यापारियों को ब्लैकलिस्ट करने के साथ-साथ वैधानिक एजेंसियों को भी सूचना दी जा सकती है।
कोल इंडिया प्रबंधन ने यह भी स्पष्ट किया है कि भविष्य में यूनिफॉर्म की भौतिक जांच, GST पोर्टल के माध्यम से बिलों का सत्यापन, आकस्मिक निरीक्षण तथा रिकॉर्ड का ऑडिट किया जाएगा। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी पाए जाने पर बिना पूर्व सूचना के सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
